Image1 श्री नरेंद्र मोदी
माननीय प्रधानमंत्री भारत
Image2 योगी आदित्यनाथ
माननीय मुख्यमंत्री उ०प्र०
Image3 श्री ओम प्रकाश राजभर
माननीय मंत्री पंचायती राज विभाग
Image1 श्री अनिल कुमार (IAS)
प्रमुख सचिव पंचायती राज विभाग
Image2 श्री अमित कुमार सिंह(IAS)
निदेशक पंचायती राज
Image3 श्रीमती गुंजन द्विवेदी (IAS)
मिशन निदेशक-(SBMG)
नियम और शर्तें

इस वेबसाइट की अभिकल्पना, विकास एवं अनुरक्षण पंचायती राज विभाग उत्तर प्रदेश द्वारा किया गया है तथा यह राष्ट्रीय सूचना विज्ञानं केन्द्र, उत्तर प्रदेश राज्य केन्द्र लखनऊ द्वारा होस्ट की गई है।

हालांकि इस वेबसाइट पर अंतर्वस्‍तु की सटीकता सुनिश्चित करने के लिए सभी प्रयास किए गए हैं, फिर भी इसे कानून के वक्‍तव्‍य के रूप में नहीं समझना चाहिए अथवा किसी कानूनी प्रयोजन के लिए प्रयुक्‍त नहीं करना चाहिए। पंचायती राज विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार की सटीकता, पूर्णता, उपयोगिता या अन्‍यथा के संबंध में कोई जिम्‍मेदारी स्‍वीकार नहीं करता है। प्रयोक्‍ताओं को सलाह दी जाती है कि वेबसाइट पर प्रदान की गई किसी सूचना पर कार्रवाई करने से पूर्व सूचना की जांच / सत्‍यापन करें और कोई उपयुक्‍त पेशेवर सलाह प्राप्‍त करें।

किसी भी दशा में, पंचायती राज विभाग, उत्तर प्रदेश डाटा के प्रयोग या प्रयोग की क्षति से उत्‍पन्‍न, इस वेबसाइट के प्रयोग के सिलसिले में या इसके प्रयोग से उत्‍पन्‍न किसी व्‍यय, क्षति या नुकसान जिसमें सीमा के बगैर प्रत्‍यक्ष या परिणामी नुकसान या क्षति या कोई व्‍यय, नुकसान या क्षति शामिल है, के लिए देनदार नहीं होगा।प्रयोग की ये शर्तें भारतीय कानूनों के अनुसरण में अभिशासित होंगी और समझी जाएंगी। यदि इन शर्तों एवं निबंधनों के तहत कोई विवाद उत्‍पन्‍न होता है, तो वह भारत के न्‍यायालयों के अनन्‍य क्षेत्राधिकार के अधीन होगा।

कृपया इस वेबसाइट की निम्‍नलिखित निजता नीतियां, कॉपीराइट तथा हाइपरलिंकिंग नीति देखें। यदि आपको किसी और सूचना की जरूरत हो, तो कृपया निम्‍नलिखित पर जाएं या हमसे बेझिझक   संपर्क करें

57695

Gram Panchayats

826

Block Panchayat

75

District

56,642

Panchayat Bhawan

हमारे बारे में

पंचायती राज व्यवस्था (उ० प्र०) में ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत, और जिला पंचायत आते हैं। पंचायती राज व्यवस्था आम ग्रामीण जनता की लोकतंत्र में प्रभावी भागीदारी का सशक्त माध्यम है। 73वाँ संविधान संशोधन द्वारा एक सुनियोजित पंचायती राज व्यवस्था स्थापित करने का मार्ग प्रशस्त किया गया है। 73वां संविधान संशोधन अधिनियम के लागू होते ही प्रदेश सरकार द्वारा प्रदेश के पंचायत राज अधिनियमों अर्थात् उ.प्र. पंचायत राज अधिनियम-1947 एवम् उ.प्र. क्षेत्र पंचायत तथा जिला पंचायत अधिनियम-1961 में अपेक्षित संशोधन कर संवैधानिक व्यवस्था को मूर्तरूप दिया गया। राज्य सरकार द्वारा वर्ष 1995 में एक विकेन्द्रीकरण एवं प्रशासनिक सुधार आयोग का गठन किया गया था

विभागीय उपलब्धियाँ